Yeh kahan.. agaye hum part 2

Ashthitwa ने बाहोत सोचा , फिर एक decission पे आया। उसने सोचा कि msgs कर के Vikrant को अपना decission बात दें। but फिर सोचा एक sentece लिख के अपना भाबनाओ को बयां करना आसान नहीं होगा, वो खुद उसको सामने से बोलेगा।

उसदिन वो अपना tution classes खत्म कर के 9.30pm को Vikrant के घर के लिए निकला। 10.15pm तक वो पहोंच गया।Door bell बजाया,  Vikrant door open किआ।
ViKrant direct sawar लेके ही निकला था.. उसने बस एक tight lower   पहना हुआ था, और बस एक towel से अपना सर पोंछते हुए door ओपन किआ था। उसका zym वाला figure कुछ ज्यादा ही attract कर रहा था। fair skin पे पानी की कुछ बूंदे मोतिओं का चमकना जेसा दिख रहा था। Asthitwa अपना नज़र दुशरे तरफ करने लगा। उसको थोड़ा shy feel हुआ। वो ऐसा expect भी नहीं किया था। But, Vikrant normal था। वो ऐसे ही रहता है अपना घर पे।
Vikrant बोला Hyy 
Asthitwa थोड़ा हल्का सा मुस्कुराते हुए hello बोला।   
Vikrant बोला, come on  
अंदर hall में आते ही, vikrant बोला please seat, मैं अभी आया।
वो अंदर चला गया। 
Ashthitwa , उनका घर को देख रहा था। बहोत सुंदर सा घर है। उसने ऐसा घर पहले कभी नहीं देखा था। aristocracy क्या होता है, वो आज feel कर रहा था। 
vikrant return आके उसके सामने sofa में बैठा।
उसको देखते हुए बोला Thanks Asthitwa, मुझे actually में नहीं लगा था कि tum आज मेरे घर आओगे। i am realy feeling happy.
Asthitwa बोला, कोई बात नही, आप thankfull मत हो। मैं तो बस आप को पढ़ाने आया हूँ। और कुछ नहीं, ये तो बस एक मेरा job है। 
आप ready हो जाओ, हम पढ़ाई सुरु करेंगे। by d way Vikram Sir ??
Vikrant बोला, Papa और मैं  बस अभी तुम्हारे आने के 30min पहले ही  zym से आये हैं, वो  भी sawar ले रहे हैं। तुम उनके कमरे मे जाके मिल लो, मैं ready होकर आता हूँ।
 नहीं, बाद में मिल लूंगा। आस्तित्व ने बोला।
Vikrant बोला, आरे कुछ नहीं .. तुम कुछ मत सोचो, तुम मिल लो उनके कमरे में । Papa बाहोत खुस होंगे तुम को यहां देख के।  वो right वाला room । 

Asthitwa ने Vikram Sir के room में enter किया। Vikram Sir Room में नहीं थे। वो अभी भी bathroom में थे। bathroom से आवाज आ राहा था। Asthitwa ने सोचा बाद में मिल लेगा। वो return आहि रहा था, की bathroom से Vikram बाहर आये। Asthitwa पीछे मुड़ गया।   Vikram Sir, same shots पहने हुए थे  Vikkrant की तराह।  but Vikram Sir towel नहीं पकड़े थे। Vikram Sir भी काफी  attractive लग रहे थे, एक super Model की तराह। Asthitwa सरमा कर बोला, Sorry Sir मैं बादः में आता हूं।  ये बोल के वो बाहर हॉल में आगया। Asthitwa का problem येही था, वो किसी को आमने सामने से nude नहीं देख सकता। किसी को ऐसे देख के उसका नज़र अपने आप  दुशरी तरफ हो जाता है।
Vikram Sir कुछ बोलने से पहले ही Asthitwa room से बाहर होगया था।

Asthitwa Hall में बैठा था।  फिर father son duo वह आये । Vikrant बैठा । Asthitwa  , Vikram G को देख के खड़ा होगया। Vikram G पास आके Asthitwa को बाहों में भर लिया और एक tight hug किआ । जो Asthitwa के लिए unexpected था। ऐसे कोई किसी को hug कर लेगा ये asthitwa का सोच से बाहर था ।  वो tight hug से Asthitwa का दिल जोर जोर से धड़कने लगा। वो थम सा गया। वो डर गया था जैसे। फिर विक्रम Asthitwa का माथे पे एक kiss कर के उसको बैठाया। औए वहां उसके पास बैठ के asthitwa का हाथ पकड़े हुए बोला Thank you ......

Vikram G बोले, तुम्हारा यहां आना मेरे सोच के साथ बिल्कुल match किआ। तुम्हारे लिए मेरा मन  में जो एक सोच बनगया था , वो बाहोत सही था। । ये सब सुन के Asthitwa का चेहरा कुछ गंभीर सा expression दे रहा था। वो कुछ बोल भी नहीं पा रहा था।। खुद को संभालते हुए Ashthitwa ने बोला Sir मुझे Morning में जल्दी जाना होगा। 6am को मुझे निकलना ही होगा।।।
Vikram G बोले, कोई बात नहीं आप के हिसाब से सब होगा , आप दोनों Study compleet कर के Vikrant के रूम में सो जाना। चलो Dinner कर लेते हैं। 

वो थोड़ा सहमा हुआ सा लग रहा था। क्यों कि वो एक नया रास्ते पे चलने लगा था, वो रास्ता जो उसके लिए अनजाना सा था। बस वो एक बाप का प्यार , एक बेटा के लिए कैसा होता है....!! शायद वो उसको मेहसूस करना चाहता था। जो प्यार उसको नहीं मिला था जिंदिगी में.. वो बस बाहोत पास से ये रिस्ता को देखना चाहता था। Vikram G से पहली मुलाकात बाहोत impact डाला था Asthitwa की दिमाग पे।

Dinner करने के बाद Asthitwa और Vikrant study करने लगे। Vikrant का doubts को Asthitwa बाहोत असानी से समझा दे राहा था। पहले Vikrant थोड़ा डर रहा था कैसे और क्या पूछेगा study के बारे में।  But Asthitwa को students की दिमाग पढ़ना आता था। so, वो सबसे आसान तरीका में Vikrant को normal feel कराया। फिर उसका doubts clear करता गया। 12.30am को वो  Study stop किआ और बोला, Vikrant अब मुझे 1hour अपना study करना है, अगर तुम को सोना है और तुम को light off करना हे, तो में hall में जाके अपना study कर लूंगा । but, Vikrant बोला कोई बात नहीं तुम यहीं study करलो। मुझे नींद आएगा तो में सो जाउँगा। तुम यहीं पढ़ो। 
Asthitwa अपना study करने लगा। और Vikrant बस उसके देखे जा राहा था। 
आज Vikrant, उसके पास बैठा था, जिसका एक दिन वो मज़ाक बनाया था। आज वो अस्तित्व का सान्त स्वभाव को महसूश कर रहा था। बार बार वो Asthitwa को देख रहा था। ऐसे ही वो कब नींद की आगोश में चला गया  खुद को पता नहीं चला । Asthitwa भी अपना study compleet करके सो गया।  
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ऐसे 1 महीना  बीत गया । अब Daily का यही routeen चल रहा था । Asthitwa भी Vikrant और Vikram G के साथ थोड़ा free होगया था।  VikramG दोनों से बाहोत प्यार करते थे। ऐसा बाहोत बार हुआ जब Vikram G अपनी हाथों से fruits और dry fruits  खिला देते थे Asthitwa को जैसे वो Vikram को खिलाते थे । पहली बार जब Vikram G Asthitwa को खिलाने की कोशिश किये थे,  तो Asthitwa थोड़ा हड़बड़ा गया , but Vikram G, प्यार से उसको अपनी आंखों की expression से बोले खालो। अब वो भी उन दोनो के साथ time बिता रहे थे। Asthitwa का सान्त स्वभाब  ने Vikram G का भी दिल जीत लिया था। अब तो तीनों ने मिल के outing में जाते थे , बाहर dinner करने जाते थे।  

Vikrant भी college में Asthitwa के साथ घूमने लगा था।दोनों में अच्छा bonding बन गया था। Asthitwa का कुछ students भी tution बंद कर दिए थे, so वो भी 7pm से free रहता था। इसीलिए Asthitwa Vikram के घर जल्दी पहुचता था।  अब तो Asthitwa कभी कभी dinner बनाता था।  so, father son duo को उसका हाथों का खाना अच्छा लगता था। तिनों ने अच्छा time spend कर रहे थे। 
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Vikrant का result अच्छा आया । सब खुस थे। Vikram G खुस थे। 

Vikram G, Asthitwa को अपना Office बुलाये। 
और उन्हने Asthitwa को thanks बोला।  Vikram G ने Asthitwa को एक Envolep में 
Rs 20000 भर के दिए। But Asthitw ने वो पैसा  accepct नहीं किया। Asthitwa ने बोला में बस एक पिता का अपना बेटे के लिये जो प्यार था, उसको बरकरार रखने के लिए में Vikrant को tution दिया था।  और  इतना दिन आपके साथ एक अच्छा रिस्ते से जुड़ा राहा ये भी मेरे लिए बाहोत हे। 
Asthitwa ने काहा, Sir आपके साथ बिताया हुआ वक़्त मेरे लिए अनमोल है। ये पल बस एक बिता हुआ वक़्त नही है मेरे लिए, ये यादें बनके रहेगी मेरे साथ ज़िंदगी भर। में कहिं भी रहूं आप को नहीं भूल सकता। एक अनकही एहसास हे आपके लिये दिल मे, जिसको में जब कभी महसूश करता हूं, मुझे एक अलग सी खुसी मिलती हे। 







Vikrant foreign  चला गया था। 
Asthitwa और bikram ji कभी कभी बात कर लेते थे phone पे।

Bikrant अचानक दो महीने बाद  asthitwa को कॉल किया, और बोला पापा का तबियत खराब है। और उनको yese अकेले छोड़ ना सही नहीं है। Dr uncle bole हैं उनके साथ किसी न किसी को रहना हे। 

Vikram जी को enxity की इश्यू था। ये issue दो साल से उन को आया नहीं था। सर दर्द होना स्वाभाविक होता है। But Vikrant जी का ये दर्द आसहनीय पीड़ा देता था। 

दो चार दिन की treatment के बाद वो ठीक हो जाते ते थे l
मगर वो कुछ दिन वो बहोत पीड़ा से गुजरते थे। Vikrant unka खयाल रखता था। और दो साल से ये issue अया नहीं था, so सब ने निश्चित होगाए थे की विक्रम जी को enxiety से मुक्ति मील गए हे।

Vikrant ने asthitwa को convince किया की वो जा के उनके father पास रहे।
उसने बताया कि खास कर उनको ये attack saam 9pm के बाद आता हे। और उस वक्त  उनको दबाई के साथ continue उनके सर में painbalm rub karna हे। और उनके साथ ही उनके पास रात भर रेहना होगा। कुछ देर balm rub करने से उनको अच्छा फील होता है और वो सो जाएंगे । But, please रात को उनके पास ही सो जाना तुम। अगर कुछ फिर रात को attack आए तो तुम balm rub करना

Asthitwa 7pm ko अंकल के पास उनके घर चला गया। उसने देखा की अंकल blanket ओढ़े हुए उनके bed pe लेटे हुए हे
Ashtitwa ने पुछा, केसे हो अप ?
उन्हुने बोले अभी तो ठीक हूं, पर आगे का पता नहीं ।
Medicine ले लिया हूं। But दर्द तो आना ही है।
कोई बात नही मैं हूं ना, अप का सेवा करने के लिए, don't worry sir।
मे अप के लिए soup बना ता हूं। अप वो सूप पीके अच्छा feel करोगे ।
विक्रम soup 🍲 तो पिया और उनको अच्छा भी लगा।
विक्रम जी और वो दोनो काफी बात करते करते रात की ९ बाज गए।
और फिर विक्रम जी सोगाये। Astitwa को उनके ही कमरे में रूकना था। रात की ११बजे  तक अस्तित्व वहीं bed के पास कुर्सी लगा के बैठा था। फिर उसको नींद आने लगा तो वो sir के पास bed 🛏️ में लेट गया।
Bikram Sir, बहोट अच्छे से सोगाए थे। आधा घंटा बाद
Bikram जी ने करबट बदली और  उन्हु ने अपना left hand asthitwa ke ऊपर डाले। हल्की नींद में था अस्तित्व। असने  अपनी सरीर  पे sir जी का मजबूत हाथ को महसूस किया। 
उसने normaly sir जी के हाथ को अपने पेट के ऊपर सही से रखा कर सोने की कोशिश किया। उसको लगा की अगर sir का हाथ अगर वो हटाएगा, den कहीं वो जाग न जाए।
दोनो ने आराम से सोगए थे।
लगभग रात को २ बजे Vikram ji की सरदर्द का attack आना शुरू हुआ।
उन्हूने करबट बदलने लगे। बार बार करबट बदलने लगे।
Ahh  uhhhh aaaaah की दर्द भरी सिसकारियां लेने लगे।
फिर उनकी दर्द बढ़ ने के साथ उनकी आवाजें बढ़ी। 
Asthititwa का नींद टूट गया। 
Sir जी का आह आह की आवाजें बढ़ने लगी।
फिर वो दर्द से चिलाने लगे।
दर्द से तड़पने लगे।
Asthitwa ने pain balm से उनकी सर को rub करने लगा।
But, उनकी दर्द ज्यादा ही बढ़ा। वो अपने शरीर से blanket को फेंक दी। और बार बार चिला रहे थे। Oh God। Please।oh God
जब blanket उनकी सरिर से हट गया तो, asthitwa ने notice किया की Sir Bikram ne shorts या trouser नही पहेनी थी, उन्हुने नीचे बस एक towel  लपेटे हुए थे। और वो nitice किया की विक्रम जी इतना दर्द से तड़पते हुए भी उनका dick ka irrection saf दिख रहा था towel से। Towel तंबू का आकार से ऊपर उठा हुआ था।

वो shocked था, naturally दर्द और पीड़ा के वक्त पे irrection नहीं होता dick मे ।
But वो उस तरफ से अपना ध्यान हटाते हुए अंकल के सर में balm rub karta गया। और थोड़ा hardly rub किया।
१०ही१५minute बाद विक्रम sir relax feel किया। और वो।
Asthitwa ने Wohi balm से विक्रम sir का shoulder के साथ उनका chest की थोड़ा हल्का masag दे दिया।
उनको बहोत अच्छा फील हुआ, और वो सोने लगे।
लगभग रात का ४बज चुका था।
अस्तित्व भी फिर से blanket ओढ़ा और वो भी sir की बगल में सोगाया।
But कुछी देर में विक्रम sir apni करबट बदल के फिर से अपनी हाथ asthitwa के ऊपर रखा और सोगये ।
Asthitwa ने Vikram Sir ke बाहों में खुद को महसूस कर रहा था।
उसको उनका बॉडी का लगा हुआ balm ka ठंडक और उनकी body ka गर्मी कुछ अलग गर्माहट दे रहा था। वो चाहता था की पलट कर sir का चेहरा को एक बार देखने को, मगर वो सोचा अगर वो पलटेगा तो, कहीं विक्रम अंकल जाग न जाए। विक्रम को आज ज्यादा देर तक pain नहीं हुआ था।
 दोनो बहोत देर तक सोए। Asthitwa का नींद खुला तो वो खुद को अभी भी विक्रम sir के बाहों में पाया खुद को।
 वो उनका हाथ को हटाया और खुद को उनसे आजाद कर के बाहर आया bed से।
 वो फ्रेश होके bathroom se बाहर आया। तो देखा विक्रम sir जाग चुके हैं। 
एक दूसरे को एक हल्की smile से good morning wish किए।

दूसरा  दिन normal  खुशी और साथ के दूसरे के compny में काट दिए। साथ में खाना और बैठना, tv, movie देख रहे थे।

एक distance maintain कर के अस्तित्व खुद को रखा था।
अपना दोस्त के पापा को जो respect देना चाहिए था, वो दे रहा था।
उनका खयाल रखने की जिमेदारी को वो निभा रहा था
 विक्रम sir, office से छूटी ले रखी थी।

एक  २२ साल का cute सा लड़का जिसके मन में boys के लिए feelings है सोचो वो केसे खुद को control कर के रख पाएगा एक handsom muscular इंसान के इतने पास रहकर , और विक्रम sir तो बहोत ज्यादा ही handsome aur sexy dikhte hain।
Wo पहले देख चुका हे उनकी सेक्सी body को। उसके लिए बहोत ही toff situation था, खुद को ये सब से अलग रखने के लिए।

Family doctor, Vikram जी से मिलने आए। हाल चाल और सब कुछ पूछे। बोले normal होजाएगा कुछ दिन मे। बस rest करो।

वो जाते हुए Ashthitwa से मेडिसिन और उपचार के बारे में discuss किए।but Asthitwa Dr को बाहर आते हुए अकेले में पूछा, Sir mujhe कुछ जानकारी चाहिए था।

अगर Bikram sir को enxiety  जैसा कुछ आता  है,  den क्या उस वक्त उनका body पे कुछ अलग तरह की physycal symptomps दिखेगा ?

Dr ने पूछा, just like ? तुम क्या कहना चाहते हो just explain me clearly।

Asthitwa ने बताया, Sir कल जब उनको कुछ देर के लिए वो सरदर्द से परेशान हुए थे, उस वक्त मैं notice किया की उनकी private part में fully तनाव था। He fully irrected।
Normaly मुझे इतना पता था की जब इंसान कोई दर्द से परेशान होता हे तब वो irrect feel नहीं करता।

Doctor  बोले, विक्रम कोई enxiety का सीकार नहीं हे, वो तो बस migration se लड़ रहा हे। वो जब अकेला feel करता हे, वो खुद से परेशान हो जाता हे। ये बहोत बड़ा बीमारी नहीं है। बस वो सर दर्द को झेल नहीं पता हे। शायद उसका बेटा  से अलग रेहना सोच के वो परेशान हुआ हे, इसीलिए इसके साथ ये हो रहा हे।
 
और वो sex से बहोत दूर हे। Fitnes phobia हे उसको। वो gym करने की शौकीन हे, इसीलिए सयाद खुद को sex से दूर रखा है खुद को। और सायद दर्द के time वो अपना sexual feelings को control नही करपाता होगा।
Doctor हस हस के बोले , लगता हे Vikram को बोलना पड़ेगा कि उस को भी अब sex की तरफ भी उसे थोड़ा खुद को झुकाना पड़ेगा l

ये सब बोले हुए, Doctor चले गए।

वो Vikram जी का अच्छा खयाल करने को कोशिश कर रहा था।
दोनो साथ में बैठे थे, Asthitwa ने पूछा, Sir आपने क्यों दोबारा सादी नेहीं की ?
बस मुझे अपने प्यार और अपना बेटा के लिए रखा हुआ प्यार को किसी से share नहीं करना था। में अपनी wife को अपनी soulmate मानता हूं अभी भी।
Asthitwa ने पूछा आप खुद को इतना balance केसे कर लेते हो, कभी अकेला feel नहीं करते?

करता हूं, जब मैं अपना बेटा से अलग होता हूं, तभी अपनी soulmate से पूछ ता हूं की, मुझे अकेला छोड़ के जाना इतना क्यों जल्दी थी उस से।
 But, vikrant के सिवा अगर किसी को देख कर मुझे अपनापन की एहसास होता है, तो वो तुम हो।

अगर मुझे vikrant बोलता की कोई और यहां मेरा देखभाल करने आयेगा, तो मै उसे मना कर देता की में खुद अपना तबीयत का खयाल रख लूंगा। जब वो तुम्हारा नाम लिया तो में agree कर गया।

रात की dinner के बाद जब asthitwa bedroom मे आया तो, विक्रम sir बोले की तुम मुझे थोड़ा balm अभी लगा दो, और तुम फिर यहीं सोजाओ। अभी से जागने की कोई जरूरत नहीं। जब मेरा सर दर्द होगा तब तो तुम को जागना ही पड़ता है, अभी से जागने का कोई मतलग ही नहीं ।
Asthitwa ने balm rub करने लगा। और vikram sir, आंख बंद करने लगे।और बोले, तुम्हारा हाथ कितनी कोमल हे। ऐसा लग रहा हे Balm ki ठंडक जैसे गुलाबों की पखुरिओं के through मेरे सर में आराहा हे।
कुछ देर में bikram Sir सो गए।
उनका सर में balm rub करते करते asthitwa बस उनका चेहरे को देखते जा रहा था ।
एक अजीब सी प्यार आराहा था asthitwa की मन में।
बार बार देखे जा राहा था
Asthititwa का दिल किया की वो उनका शरीर का स्पर्श करें।
वो खुद का imotion को रोक ना सका।
हाथों में balm लिए वो उनकी gym  किया हुआ उभरता हुआ सीने को जब छुआ तो उसके बदन में एक सिहरन दौड़ गया। उसका शरीर थर थराने लगा। वो खुद का शरीर में एक अजीब सी ठंडक को मेहसूस किया। उसका रोंगटे खड़े होगए थे। उसका दिल कर राहा था की वो उनके सीने में सर रख के सो जाएगा । But बहोत मुस्कील से खुद को control किया। वो बहोत प्यार से बस उनका body पे अपना हाथों से balm लगाने लगा।।

फिर कुछ देर बाद आज वो खुद bikarm sir के सीने में अपना हाथ रख के सोने लगा। उसने अभी तक सोए नहीं था, bikram Sir ने करबट बदल के ashu ki तरफ अपना face को साइड कर के अपने बाहों में भरवाने की कोसिश् की। नींद ही में रहते हुए उन्हुं ने उसको अपने से खींच के खुद को ashu से सटा के सोने लगे।
Ashu की दिलं जोर जोर से धड़कने लगा। एक रोमांचक भावना उसकी दिल को और जोर से धड़का राहा था। धीरे धीरे वो शांत होने लगा। और वो उनकी बाहों में खुद को बेहतर मेहसूस करने लगा।
उसका pant के अंदर खुद को irrect feel कर रहा था। येसे ही वो बहोत देर जागते हुए सो गया।
 रात की ३ बज चुके थे, उस वक्त vikram sir को सरदर्द की attack आने लगा। वो अचानक से बहोत दर्द मेहसूस करने लगे। आज वो कुछ ज्यादा ही पीड़ा से चिलाने लगे। Ashu कुछ ही देर पहले ही सोया था। उसने तुरंत जाग गया। और वो pain balm rub करने लगा। आज वो ज्यादा ही दर्द से तड़प रहे थे। और अपना हाथ पैर इधर उधर करने लगे थे। उनका ज्यादा तड़पना और चिलाने से पूरा room का माहोल खराब होगया था। Vikram SIR के शरीर से blanket निकल चुका था। Blanket bed के नीचे फेका गया था।
फिर उनका इतना ज्यादा तड़पना देख के ashu डर सा गया था।वो समझ नहीं पा रहा था की करे तो फिर क्या.....???

Vikram SIR खुद भी अपना बालों को खींच रहे थे। उनका इतना पैर पटकने से उनका towel अपना body से निकल गया।
वो बिलकुल nude थे। इतना heavy body aur वो भी बिलकुल nude और उसमे उनका १०"का irrect हुआ dick।
Vikram SIR ने एक हाथ से अपना बाल को भींच रहे थे। और दूसरा हाथ right side wala उनका dick को मसल ने लगा। 
Ashu ये सब देख के कुछ अलग feel करने लगा। उसका हाथ से अब balm लगाना नही हो पा राहा था । Vikram SIR जोर जोर से ahhhh आह्ह्ह आह करके के अपना दर्द और पीड़ा से अपना dick को ऊपर नीचे करने लगे

Ashu ये देख कर थर थराने लगा। उसका बॉडी में excitement feel होने लगा। उसका लोम लोम सब खड़े होगय।
अब Vikram SIR ki मुंह से sexy wali आवाजें निकल ने लगी थी। Ahhh ahhh  ohhhh yehhhh..
इस type ke आवाजें के साथ वो बोलने लगे suck my dick, somebody suck it please।
वो masterbate किए जा रहे थे। और बोलने ही जा रहे थे की, please suck, suck me please।
उनका १०" का dick और उनका dick का top to बेहत लाल color का, जैसे अभी फट कर खून निकल जायेगा।
Ashu ye देख कर और उनकी बातों को सुन कर अब खुद को control करने लायक नही बचा।
वो जो suck it, suck me please वाला आवाजें बस उसकी दिलाें दिमाग में echo करने लगा था। 
वो इस काबिल नहीं था की खुद को रोक सके।
 वो अब नीचे की तरफ जाके , अपना मुंह Vikram SIR के dick  के पास लगाया। उनका लाल टोपा और  इतना बड़ा dick को मुंह में भरने को खुद ललचा गया था। 
Ashu ने Sir ka हाथ को हटाके अपना मुंह को direct unke dick me रख दिया ।उसका मुंह का थोड़ा सा स्पर्श से जो गर्मी और कोमल sa feelings को मेहसूस किए । वो एक लंबा  आह्ह्ह्हह सा आवाज करने लगे।
Ashuu itna बड़ा डिक का लाल टोपा को बस चूमने लगा। चाटने लगा। और अपना मुंह में भरने की कोसिश कारने लगा। But उसका मुंह में बस उनका टोपा ही जा रहा था।
वो अपनी होंठ और अपनी जीभ से बस उनका dick का red top ko चूमे चाट रहा था। वो बहोत pleasure feel कर रहा था।
But Bikram sir का excitement कुछ ज्यादा था।
वो चिला रहे थे की please suck it deeply। please।
Please deep throat।
Ashu ne अब थोड़ा अन्दर लिया अपना मुंह में sir का dick को।
But Vikram SIR ka तड़प बढ़ता जा राहा था। वो अब खुद उनका हाथो से ashu ka सर को अपने dick में दबाने लगा। धीरे धीरे दबा दबा के १०"का उनका dick आधा से ज्यादा ashu की मुंह में भर गया।
Ashu भी पूरी excitement मे भर गया था। उसका भी दिल में दबा हुआ sexual fantasies से ये भी एक हिस्सा था। और Vikram SIR के लिए मन में जो attraction था, ये सब उनके साथ कर रहा था।
Ashu भी full mood और motion से जोर जोर से चूसे जा रहा था। अब Vikram SIR, asu का सर को प्यार से सहला रहे थे। उनका सरदर्द को वो भूल गए अब। एक अलग सा नशा छाया हुआ था उन पर।
ये सब होते हुए २०min हो गए थे। दोनो ने अपना अपना fantacy को पूरा कर रहे थे। 
Ashu बड़ी प्यार से dick को चूस रहा था और चूम रहा था, और कभी कभी पूरा dick को मुंह से निकाल कर चाटे जा रहा था ।
Ahhh,,,ihhhss,,,aaahhhh,,,uhhhh इस तरह का आवाज करे जा रहे थे Vikram SIR।
आधा घंटा चूसने के बाद vikram sir का Dick ओर ज्यादा फूलने लगा ashu की मूंह में।
आशु को लगा की ये क्या और मोटा होने लगा क्यों ??
Vikram SIR अब आशु की सर को पकड़ के खुद से stroke देने लगे।और इतना strong strong stroke देने लगे की आशु की गले के अंदर तक जाने लगा। Ashu को थोड़ा दर्द के साथ अच्छा भी लग रहा था because vikram sir खुद से कर रहे थे।
१३जी१५ strong stroke देने के बाद vikram sir discharge होने के कगार पर आ चूके थे।
वो ज्यादा ही excitement से भर गए थे। और । और ashu की सर को अपना land को दबा ये हुए अपनी dick का juice को उसकी मुंह के अंदर निकालने लगे।
 और उनका जो juice निकल रहा था वो सब direct आशु की गले से होते हुए पेट में जा रहा था। Ashu ने अपना मूंह थोड़ा पीछे किया तो उसको अपनी मुंह में sir का juice भर ने लगा  और अब juice का taste पता चला। Sir ka juice minimum ३min तक discharge हुआ ashu की मुंह में। उसका मुंह में बहोत गाढ़ा सा juice भर गया था। और पेट के अन्दर तो बहोत सारा direct वो निगल गया था। Ashu juice ko पी रहा था। इतना juice sir निकाले थे कि आशु की पेट भर गया।

सायाद बरसों से जमा हुआ उनके अंदर का वीर्य कुछ ज्यादा ही गाढ़ा होगया था। 

Bikram sir discharge होने के बाद आशु की सर को अपनी हाथों से मुक्त किया। और वो हांफने लगे।
अभी भी उनकी dick तना हुआ था। और ashu उन की Dick ko lick कर के साफ कर रहा था। Ashu ne dick को हाथो में पकड़ के lick करने लगा।और उस का भी excitement se discharge होने लगा।
 Vikram SIR आंख बंद कर के पड़े हुए थे। अब वो सोने लगे।और अब धीरे धीरे उनका dick bhi मुरझा गया।
आशु वहीं उनकी Dick ke pas apna मूंह रख के सोगया कुछ देर।
दोनो ही थक गए थे, और दोनो की fanatacy पूरा हुआ था सायद।

आशु कुछ देर बाद ऊपर उठ कर Sir को पकड़ कर सोने लगा। अब उसमे थोड़ा हिमत आ चुका था की वो vikram sir को पकड़ कर सो सके। 
आशु सोचने लगा की , में सायद गलती कर दी। काश मैं भी खुद को रोक पाता। सायद ये situation ना ही आता। कसमाकश भरी सोच से भरा हुआ उसका दिल में अब खुद के लिए हीन भावना आने लगा।
But आशु आज जो pleasure को मेहसूस किया हे वो इन सब से ऊपर था।

वो आज खुद को खुस किया था, और उसकी खुसी की वजह Vikram SIR के लिए उसका प्यार।

येसे ही सोचते सोचते वो सोने लगा। और कुछ देर में ही , vikram sir खुद आशु को अपनी बाहों में भारलिए।  दोनो सुकून की नींद की गोद में चले गए थे।

रात कब बीत गया और कब दीन के ९ बज गए, ये उनको पता न चला।aj bikram Sir पहले ही जाग गए। और वो खुद ashu ko बाहों में भरे हुए थे, वो रात की बातों को याद किए और खुद को बहोत relax feel कर रहे थे। Ashu की मासूम और सुंदर सा चेहरा को देख कर लगा की कितना प्यारा सा हे ashu। ओर खुद उसकी गालों को एक kiss किए। और उस को अपनी बाहों में भरे हुए उसकी बालों को सहलाने लगे।  
वो बस ashu को देखे जा रहे थे।  कुछ  ज्यादा ही attraction feel  कर  रहे थे ashu के प्रति।

Ashu की नींद टूटा, वो खुद को Sir की बाहों में पाया। उसने आंख उठाकर Sir ko देख ने लगा। Sir ने भी उसको देखे। Ashu थोड़ा शरम और डर से अपनी नजर झुका लिया, और अपना मुंह नीचे की ओर कर दिया।
Vikram SIR समझ गए, आशु की मन कि वो भावनाओं को जो आशु feel कर रहा था। उन्हूं ने अपनी हाथों से ashu की चेहरा को अपने तरफ उठाए और बोले क्या हुआ..?
क्यों guilty feel कर रहे हो, ???
Ashu ने बोला I am sorry Sir
Vikram SIR बोले, तुम क्यों sorry बोल रहे हो.. गलती मैने किया..sorry मुझे बोलना हे।
Ashu ने बोला, Sir आपकी कोई गलती नहीं, आप तो दर्द में थे। अप तो बीमार थे। अप उस वक्त खुद को control नहीं कर सकते थे, but में तो खुद को control मे रख सकता था, मेरे से क्यों नहीं हुआ Sir?
So, major foult is mine..
I am very very sorry..
Sir बोले don't be आशू, 
सच कहूं तो जाने या अनजाने में जो भी हुआ, और गलती चाहे किसी का भी हो...अब में खुद को बहोत relax feel कर रहा हूं,..
अगर जो भी हुआ उसमे तुम को तकलीफ हुआ या कुछ गलत लगा , den मुझे माफ कर देना।
Ashu बोला, नहीं sir please आप ऐसा मत बोलिए, 
सच कहूं तो में भी बहोत खुस हूं, अप के लिए दिल से weakness feel करता था। बहोत प्यार करता हूं आपसे। अप को कभी बता नहीं पाया क्यों की में डरता था की अप मुझे गलत तरीके से judge ना कर दें।
I loved u sir, from the day one when I seen u on yr bedroom 

I loved u too ashu।
ये बोलके  Sir ने Ashu को kiss करने लगे। Ashu की होठों  को वो चूमने लगे , ashu भी sir ko kissing करने में साथ देने लगा। दोनों ने एक दूसरे को kiss किए जा रहे थे, दोनो ने passionately एक दूसरे को स्मूच किए जा रहे थे। 
रात से ही vikram sir nude ही थे, but ashu ने shorts और t-shirt पहना हुआ था। 
Vikram SIR kiss और smootch करते करते ही उन्हों ने आशु की t-shirt निकाल कर फेंक दिया। उनका १०"का Dick फिर से hard होगया। ,और बो अब ashu ki दोनों हाथो को अपनी दोनो हाथों से लॉक कर के उसकी ऊपर अगये । और ashu की neck को kiss करने के साथ साथ lick karne लगे।ashu अब excitement में भर गया था। वो जैसे आसमान में उड़ रहा था। 
Ashu की dick भी hard हो गया था। 
Vikram SIR ashu की under arms में जब अपना जीभ फेर ने लगे,  ashu छट पटाने लगा। वो अपना हाथ छुड़ाने लगा sir ki हाथों से, but वो छुड़ाना पाया।
वो बस सिहरन को मेहसूस करने लगा था, जो की बहोत ज्यादा था।
वो बोला, sir please छोड़िए, 
Sir ne अब अपना मुंह को ashu की chest में लाके उसका soft sa उभरा हुआ छाती को lick करने लगे।
Ashu ko अच्छा लग रहा था, but बहोत ज्यादा रोमांचित होगया था।......

Wait for Next part...
























don't worry sir। 


















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